कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने सपा-कांग्रेस सहित तमाम विपक्षी पाटियों पर जमकर सियासी तीर छोड़े। उन्होंने विभिन्न समसामयिक मुद्दों पर अपनी बात मीडिया के सामने रखी।
सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष एवं पंचायती राज मंत्री ओपी राजभर ने सोमवार को नेहरू हाल में आयोजित समीक्षा बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने समाजवादी पार्टी और विपक्ष पर जमकर निशाना साधा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल भ्रम फैलाने का काम कर रहा है। चुनाव आयोग को लेकर विपक्ष का आरोप निराधार है। यदि चुनाव आयोग की गलती से कोई जीता है तो पहले विपक्षी दलों के विजयी विधायक इस्तीफा देकर साबित करें।
पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि समाजवादी पार्टी को सच सुनने की आदत नहीं है। पूजा पाल प्रकरण का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि योगी सरकार में उनके पति के हत्यारों को सजा मिली, जबकि सपा सरकार में उसी आरोपी को एमएलसी बना दिया गया था। यही सच सपा बर्दाश्त नहीं कर पा रही है।
वोट मामले पर भी रखी अपनी बात
उन्होंने आगे कहा कि अखिलेश यादव कभी रोहिणी आयोग, कभी सामाजिक न्याय समिति की रिपोर्ट की बात करते हैं और न ही सदन में कभी चर्चा नहीं करते। न ही पाल, प्रजापति, बिंद, केवट, मल्लाह, राजभर, चौहान, कर्कबंशी, बंजारा, दर्जी जैसे पिछड़े समाज की आवाज उठाते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि अखिलेश सरकार ने न पिछड़ों के लिए आईएएस-पीसीएस कोचिंग सेंटर खोला और न ही गरीबों के लिए कोई ठोस पहल की। जबकि एनडीए सरकार ने 18 मंडलों में गरीब बच्चों के लिए अटल आवासीय विद्यालय खोले हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जल्द ही मदरसा बोर्ड में भी यूपी बोर्ड, आईसीएसई और सीबीएसई की तरह पठन-पाठन की व्यवस्था लागू की जाएगी। अब मदरसों में नियुक्ति भी आयोग से होगी।
